‘आज बिरज में होरी रे रसिया ‘ गले में ढोलक लटकाये हुये गुलाटी जी गुलाल उड़ाते हुये होली के खुमार में पूरी तरह...
रंग बरसे भीगे चुनर वाली…..रंग बरसे …. रंगों का त्योहार , भांग का खुमार और हंसी ठिठोली के मौसम को लाने वाला पर्व...