Home Dil se सुनो कभी मिलना
Dil se

सुनो कभी मिलना

Share
Share

सुनो कभी मिलना अगर तब गले लगने से पहले चेहरे को भर कर हाथों में सबसे पहले चूमना माथे को सुना है माथे का चुम्बन सीधे आत्मा तक पहुंचता है यूं तो पहले से ही उतर चुके हो मन की हर कोर में फिर भी आत्मसात कर के हमेशा के लिए महसूस करअपने साथ लेकर लौट आऊंगीअपने नीरस, निष्प्राण, निस्प्रयोज्यजीवन में रंग भरने को…. तो कहो कि मिलते ही माथे को चूम कर एकाकार होना चाहोगे ना ?

         *शिवानी विनय सिंह*
Share
Related Articles
Dil se

 रोज डे

ललिता अपनी बॉलकनी पर खड़ी हुई थी तभी उनकी निगाह  अपने घर...

Dil se

पति पत्नी के रिश्ते  में मजबूती लाने के लिये प्रयास आवश्यक हैं 

शादी सात जन्मों  का बंधन  है … जोड़ियाँ ऊपर से बन कर...

Dil se

 खिलखिलाती हँसी …..

 थोड़ी सी खिलखिलाती हँसी      बहुत दिनों के बाद पकड़ में आई  हो       ...

Dil se

बुढापा

कल रात मैं  जब सोई थी   मीठे  सपनों में खोई थी  तभी...

Dil se

कृष्ण जन्माष्टमी 

‘ऊधो मोहि बृज बिसरत नाहिं ‘…यदि आपको भी बृजभूमि  का  ऐसा ही...